BASTI/UTTAR PRADESH-बस्ती जिले के विकासखण्ड कुदरहा अंतर्गत ग्राम पंचायत मंझरिया में मनरेगा योजना में कथित भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। आरोप है कि रोजगार सेवक राजेश्वरी देवी द्वारा मनरेगा के चार अलग-अलग कार्यों में एक ही मजदूरों की पुरानी और फर्जी तस्वीरें अपलोड कर कार्य प्रगति दिखाने की कोशिश की जा रही है, जिससे योजना की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो गए हैं।
सूत्रों के मुताबिक चार मनरेगा कार्यों में एक जैसी तस्वीरें अपलोड होने के बाद सचिव, टीए/जेई, मनरेगा एपीओ और बीडीओ कुदरहा की कार्यशैली भी सवालों के घेरे में आ गई है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि ग्राम पंचायत मंझरिया में लंबे समय से मनरेगा कार्यों में फर्जी हाजिरी लगाकर भुगतान करने का खेल चल रहा है।
यह भी बताया जा रहा है कि ग्राम प्रधान सरिता पर पहले भी मनरेगा कार्यों में गड़बड़ी के आरोप लग चुके हैं, लेकिन प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से भ्रष्टाचार लगातार जारी है। बीडीओ आलोक कुमार पंकज की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं कि उनकी निगरानी में खुलेआम अनियमितताएं हो रही हैं
ग्रामीणों का कहना है कि मनरेगा में हो रहे कथित फर्जीवाड़े से सरकारी धन का दुरुपयोग हो रहा है। उन्होंने जिलाधिकारी,मुख्य विकास अधिकारी और डीसी मनरेगा से पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
AFJAL QURAISHI-BASTI
