मानदेय न मिलने के कारण मदरसा आधुनिक शिक्षकों ने ली अवैतनिक अवकाश

0
बस्ती/उत्तर प्रदेश-जहां भारत के प्रधानमंत्री के द्वारा कहां गया था की मदरसों में एक हाथ में कंप्यूटर और दूसरे हाथ में कुरान की पढ़ाई करा कर धर्म के साथ-साथ आधुनिक विषयों की जानकारी दी जाएगी। 

लेकिन वही  मदरसों में कार्यरत आधुनिक शिक्षकों को केंद्र सरकार द्वारा पिछले पांच वर्षों से अधिक मानदेय न दिए जाने के कारण आर्थिक तंगी से जूझ रहे शिक्षको ने मदरसा प्रबंधकों सहित प्रधानमंत्री,मुख्यमंत्री सहित देश के दस जिम्मेदारो को पत्र लिखकर अवैतनिक अवकाश लेने का घोषणा कर दिया है।

           
जिले के 63 मदरसों में कार्यरत 161 आधुनिक शिक्षकों का पिछले 5 वर्षों से अधिक समय से केंद्र सरकार द्वारा मानदेय न दिए जाने के कारण आर्थिक तंगी से जूझ रहे शिक्षकों ने जीवन यापन के लिए अन्य काम करने का फैसला लिया है। 

मदरसा जामिया अरबिया अशरफिया गायघाट के हिंदी,अंग्रेजी, गणित,विज्ञान पढ़ाने वाले आधुनिक शिक्षक मोहम्मद अयूब और मदरसा हक्कुल इस्लाम लालगंज के शिक्षक एजाज अहमद व निहाल अहमद ने मदरसा प्रबंधक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित 10 जिम्मेदार संस्थान को अवैतनिक इस्तीफा दें दिया। 

शिक्षकों ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री ने सबका साथ सबका विकास का नारा लगाकर हम शिक्षकों को छलने का काम किया है। 

प्रधानमंत्री को कई बार पत्र लिखकर समस्या से अवगत कराया गया। लेकिन उन्होंने मामले पर कोई संज्ञान नहीं लिया जिससे मजबूर होकर आधुनिक शिक्षकों को मदरसों से इस्तीफा देना पड़ रहा है।

           
इस संबंध में डिप्टी डायरेक्टर बस्ती विजय प्रताप यादव ने बताया कि मदरसा आधुनिक शिक्षकों का यूसी भेजा जा चुका है लेकिन  किन्ही कारणों से केंद्र सरकार द्वारा 2017 से मानदेय न मिलने से शिक्षकों की गंभीर समस्या बनी हुई है।

रिपोर्टर-अफ़ज़ाल क़ुरैशी-बस्ती


Post a Comment

0Comments
Post a Comment (0)